CPI inflation यानी खुदरा महँगाई दर सितंबर 2026 में बढ़कर 5.54% हो गई, जो अगस्त में 4.83% थी। आँकड़े 12 अक्टूबर 2026 को जारी हुए। Sahi की रिपोर्ट के अनुसार इस बढ़त की मुख्य वजह food prices में तेज़ी रही। आँकड़ा अनुमानों से थोड़ा नीचे रहा।

CPI inflation: आँकड़े एक नज़र में
- Headline CPI: 5.54% (अगस्त 4.83%, जुलाई 4.45%)। एक महीने में 71 basis points की बढ़त
- Food CPI: 7.74%, अगस्त में 5.97%
- Rural CPI: 6.08%, अगस्त में 5.24%
- Urban CPI: 4.88%, अगस्त में 4.31%
4% के लक्ष्य से ऊपर लगातार चार महीने
रिपोर्ट के अनुसार RBI के 4% के midpoint लक्ष्य के मुकाबले महँगाई लगातार चार महीनों से ऊपर है। गाँवों में food और ज़रूरी चीज़ों के दाम बढ़ने से rural महँगाई शहरों से ज़्यादा रही।
RBI के फ़ैसलों से क्या रिश्ता
RBI ने 7 अक्टूबर को repo rate बढ़ाकर 5.5% किया था और FY27 के लिए महँगाई का अनुमान 5.2% रखा था। सितंबर का 5.54% उस अनुमान से ऊपर है। RBI की अगली बैठक 2 से 4 दिसंबर को है। इसी दौरान WPI भी तेज़ी से बढ़ी है, जिसकी रिपोर्ट यहाँ है।
यह लेख केवल जानकारी के लिए है, वित्तीय सलाह नहीं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
सितंबर 2026 में CPI inflation कितनी रही?
5.54%, जो अगस्त के 4.83% से ज़्यादा है।
CPI के आँकड़े कब जारी हुए?
12 अक्टूबर 2026 को।
Food inflation कितनी रही?
7.74%, अगस्त में यह 5.97% थी।
Rural और urban inflation कितनी रही?
Rural 6.08% और urban 4.88%।
जुलाई 2026 में महँगाई कितनी थी?
4.45%।
महँगाई में बढ़त की मुख्य वजह क्या रही?
रिपोर्ट के अनुसार food prices का दबाव, खासकर गाँवों में।
क्या आँकड़ा अनुमानों से ऊपर था?
नहीं, रिपोर्ट के अनुसार यह consensus अनुमानों से थोड़ा नीचे रहा।
RBI का महँगाई लक्ष्य क्या है?
रिपोर्ट के अनुसार midpoint लक्ष्य 4% है। महँगाई इससे ऊपर लगातार चार महीनों से है।
RBI ने FY27 के लिए महँगाई का अनुमान क्या रखा है?
5.2%, जैसा 7 अक्टूबर की नीति में बताया गया।
RBI की अगली बैठक कब है?
2 से 4 दिसंबर 2026 के बीच।